निराई गुड़ाई एवं खरपतवार नियंत्रण-
प्रथम सिंचाई के 10-12 दिन के अन्दर कम से कम
एक बार निराई गुड़ाई कर खरपतवार अवष्य निकाल देें। चैड़ी पत्ती वाले खरपतवारों को
नष्ट करने के लिए बोनी किस्मों में बुवाई के 30-35 दिन के बीच 500 ग्राम 2-4 डी एक्टर साल्ट या 750 ग्राम 2-4 डी अमाइन साल्ट सक्रिय तत्व खरपतवारनाषी रसायन प्रति हैक्टयर की
दर से 500 से 700 लीटर पानी में घोलकर छिड़काव करें एवं घासकुल, बथुआ, जंगली पालक, पीली कंटीली जैसे चैड़ी
पत्ती वाले खरपतवारांे के नियंत्रण के लिए मैटासल्फयुराॅन मिथाइल (4 ग्राम सक्रिय
तत्व/हैक्टेयर) की दर से फसल की बुवाई के 35 दिन बाद प्रयोग करे।
गुल्ली डण्डा व जंगली जई खरपतवारों का
प्रकोप जिन खेतों में गत वर्षो में अधिक रहा हो उनमें गेहू की बुवाई के 30-35 दिन बाद आइसोप्रोट्यूरान
अथवा मेजोबेन्जाथायोजूराॅन खरपतवारनाषी, हल्की मिट्टी हेतु 750 ग्राम तथा भारी मिट्टी हेतु सवा किलो सक्रिय तत्व का 700-800
लीटर पानी में घोल बनाकर, एक सा छिड़काव करे।